एशिया के व्यस्त सीमाई कॉरिडोर में दो ओवरब्रिज निर्माण से जाम मुक्ति की उम्मीद, 157 करोड़ की परियोजना से नेपाल कनेक्टिविटी और व्यापार को मिलेगा नया आयाम
भारत-नेपाल सीमा पर 36 साल पुराना सपना फिर जगा: रक्सौल में दो आरओबी परियोजनाओं से बदल सकती है पूरे क्षेत्र की तस्वीर
रक्सौल (बिहार)। (Vor desk)।भारत-नेपाल सीमा पर स्थित रणनीतिक और अंतरराष्ट्रीय महत्व के शहर रक्सौल में तीन दशक से अधिक समय से लंबित रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) परियोजना एक बार फिर उम्मीद जगाने लगी है। रेलवे क्रॉसिंग संख्या 33 और 34 पर मिट्टी परीक्षण शुरू होने के साथ ही सीमावर्ती इलाके में बुनियादी ढांचे के बड़े बदलाव की संभावनाएं तेज हो गई हैं।
करीब 36 वर्षों से फाइलों और घोषणाओं में अटकी यह परियोजना अब धरातल पर उतरती दिख रही है। यदि निर्माण कार्य समयबद्ध तरीके से पूरा होता है, तो यह केवल रक्सौल की यातायात व्यवस्था ही नहीं बदलेगा, बल्कि भारत-नेपाल व्यापार, सीमा पार आवागमन और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को भी नई गति देगा।
सीमाई शहर की सबसे बड़ी समस्या: घंटों जाम और ठ...









