
बीरगंज ,नेपाल।(Vor desk)। भारत और नेपाल के बीच मजबूत होती कूटनीतिक और मैत्रीपूर्ण साझेदारी के क्रम में मंगलवार को एक और अध्याय जुड़ गया। बीरगंज स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास द्वारा आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में भारत ने नेपाल को 10 अत्याधुनिक कैदी वाहन (ट्रक) उपहार स्वरूप भेंट किए। महावाणिज्य दूत श्री देवी सहाय मीना ने पर्सा जिले के मुख्य जिला अधिकारी भोला दहल को ये वाहन औपचारिक रूप से सौंपे।
कानून व्यवस्था को मिलेगी मजबूती
भारत सरकार द्वारा प्रदान की गई यह खेप नेपाल की कानून प्रवर्तन एजेंसियों की कार्यक्षमता को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से दी गई है। कार्यक्रम के दौरान मुख्य जिला अधिकारी भोला दहल ने भारत सरकार के प्रति गहरा आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि भारत द्वारा मिल रही यह निरंतर सहायता न केवल समयोचित है, बल्कि दोनों देशों के बीच कायम व्यापक और पारस्परिक सहयोग का एक उत्कृष्ट उदाहरण भी है।
सुरक्षा सहयोग की लंबी फेहरिस्त
नेपाल को वाहनों की यह मदद कोई पहली बार नहीं है। इससे पूर्व भी भारत सरकार ने नेपाल की सुरक्षा जरूरतों को प्राथमिकता दी है। हाल ही में 5 मार्च 2026 को संपन्न हुए प्रतिनिधि सभा चुनावों के दौरान, नेपाल सरकार के विशेष अनुरोध पर भारत ने एसयूवी, पिकअप और ट्रकों सहित लगभग 640 वाहन भेंट किए थे।
महावाणिज्य दूतावास के सूचना अधिकारी मनीष बी दास ने जानकारी दी कि भारत अब तक नेपाल पुलिस, सशस्त्र पुलिस बल और नेपाली सेना जैसी प्रमुख सुरक्षा इकाइयों को 2,000 से अधिक वाहन उपलब्ध करा चुका है।
विश्वास और मित्रता का प्रतीक
रक्षा और कूटनीतिक विशेषज्ञों के अनुसार, भारत द्वारा लगातार दी जा रही यह सहायता दोनों देशों के बीच की बहुआयामी विकास साझेदारी को परिभाषित करती है। यह महज एक तकनीकी या भौतिक सहयोग नहीं है, बल्कि भारत और नेपाल के आम जनमानस के बीच दशकों से चले आ रहे गहरे आपसी विश्वास, सौहार्द और अटूट मित्रता का जीवंत प्रमाण है।
