नेपाल में ओली-लेखक की गिरफ्तारी पर अंतरराष्ट्रीय मीडिया की नजर, युवा आंदोलन और न्याय प्रक्रिया पर जोर!
काठमांडू/वीरगंज।(Vor desk)।नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री के. पी.शर्मा ओली तथा पूर्व गृहमंत्री रमेश लेखक की गिरफ्तारी को दुनिया भर के प्रमुख समाचार माध्यमों ने प्रमुखता से प्रकाशित किया है। इस घटनाक्रम को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जेन-जी (नई पीढ़ी) आंदोलन, मानवाधिकार और विधि के शासन से जोड़कर देखा जा रहा है।ब्रिटेन के प्रतिष्ठित समाचार पत्र द गार्जियन ने ‘प्रदर्शनकारियों के दमन में संलिप्तता के आरोप में नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री गिरफ्तार’ शीर्षक से खबर प्रकाशित करते हुए कहा कि सत्ता में रहते हुए नागरिकों की आवाज दबाने के आरोपों की जांच अब शुरू हो चुकी है।अमेरिका के सीएनएन और जर्मनी के डॉयचे वेले ने इस घटना को युवा आंदोलन से जोड़ते हुए लिखा कि प्रदर्शनकारियों पर कथित दमन और युवाओं के उभार ने नेतृत्व को कानूनी कटघरे में ला खड़ा किया।वहीं,बीबीसी और रॉयटर्स ने भी गिरफ्तारी को प्रदर्शनकारियों प...









