
रक्सौल। (Vor desk)। भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र रक्सौल सहित संपूर्ण चंपारण के रेल यात्रियों के लिए हर्ष का विषय है कि रेल मंत्रालय ने रक्सौल से दक्षिण भारत के तिरुपति तक एक नई नियमित ट्रेन की सौगात दी है। पश्चिम चंपारण के सांसद सह भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. संजय जायसवाल के निरंतर प्रयासों के फलस्वरूप गाड़ी संख्या 17434/17433 “रक्सौल-तिरुपति एक्सप्रेस” के परिचालन को हरी झंडी मिल गई है। इस नई रेल सेवा के शुरू होने से न केवल दक्षिण भारत जाने वाले यात्रियों की वर्षों पुरानी असुविधा दूर होगी, बल्कि यह ट्रेन नेपाल स्थित पशुपतिनाथ महादेव और दक्षिण भारत के मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग के मध्य एक सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक सेतु का कार्य भी करेगी।
सांसद डॉ. संजय जायसवाल ने इस उपलब्धि पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके क्षेत्र के लोगों को दक्षिण भारत जाने के लिए काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। पूर्व में रक्सौल से तिरुपति के लिए एक विशेष ट्रेन चलाई गई थी, जिसे नियमित करने के लिए उन्होंने रेल मंत्री से व्यक्तिगत अनुरोध किया था। सांसद ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि उनके आग्रह को स्वीकार कर लिया गया है और अब यह ट्रेन नियमित रूप से पटरी पर दौड़ेगी। उन्होंने एक महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा कि एक दौर था जब तिरुपति से पशुपतिनाथ तक का क्षेत्र ‘नक्सल कॉरिडोर’ के रूप में जाना जाता था, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में अब यह एक सशक्त ‘रेल कॉरिडोर’ में तब्दील हो चुका है। बंगाल चुनाव के कारण कोलकाता में होने की वजह से डॉ. जायसवाल उद्घाटन समारोह में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित नहीं हो सकेंगे, परंतु उन्होंने क्षेत्र के विकास के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।
इस घोषणा के बाद भाजपा के प्रदेश नेता ई. जितेंद्र कुशवाहा, भैरव प्रसाद गुप्ता, गुड्डू सिंह, बप्पी साह,मनीष दुबे, जितेंद्र दत्ता,पिंटू गिरी, रवि गुप्ता,कमलेश कुमार, प्रवीण सिंह ,राम शर्मा आदि ने सांसद के प्रयासों की सराहना की है।
पूर्व विधान सभा प्रत्याशी सह भाजपा नेता सुरेश यादव का कहना है कि डॉ. जायसवाल लोकसभा सदन में अपने क्षेत्र की समस्याओं को प्रमुखता से उठाते रहे हैं और यह नियमित ट्रेन उन्हीं के प्रभावी पैरवी का सुखद परिणाम है। सांसद प्रतिनिधि राज किशोर राय सहित स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने इस ऐतिहासिक कार्य के लिए रक्सौल विधानसभा की जनता की ओर से केंद्र सरकार और सांसद के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित की है। माना जा रहा है कि इस सीधी रेल सेवा से क्षेत्र की आर्थिक और व्यापारिक गतिविधियों को भी नई ऊर्जा प्राप्त होगी और दक्षिण भारत के धार्मिक स्थलों की यात्रा सुगम हो जाएगी।
