
रक्सौल (पूर्वी चंपारण)।(Vor desk)।: भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र के रक्सौल प्रखंड अंतर्गत सिसवा गांव में बुधवार को पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीम ने एक बड़े फर्जीवाड़ा गिरोह का भंडाफोड़ किया है। अनुमंडल पदाधिकारी मनीष कुमार और प्रशिक्षु आईपीएस सह रक्सौल थानाध्यक्ष हेमंत सिंह के नेतृत्व में सिसवा चौक स्थित एक कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) पर अचानक छापेमारी की गई। गुप्त सूचना के आधार पर हुई इस कार्रवाई के दौरान केंद्र पर अफरा-तफरी मच गई और भारी भीड़ जमा हो गई।

तलाशी के दौरान मौके से भारी मात्रा में अवैध सामग्री बरामद हुई, जिसमें फर्जी आधार कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र और निवास प्रमाण पत्र के साथ-साथ रजिस्ट्रार सहित विभिन्न सरकारी पदाधिकारियों की जाली मुहरें और स्टैंप शामिल हैं। अधिकारियों के मुताबिक, यह केंद्र लंबे समय से अवैध तरीके से सरकारी दस्तावेज तैयार कर लोगों को मुहैया करा रहा था। पुलिस ने मौके से सीएससी कर्मी कृष्णा कुमार यादव और धर्मनाथ यादव (भेलाही )को गिरफ्तार कर लिया है, जिनसे फिलहाल इस पूरे नेटवर्क के खुलासे के लिए कड़ी पूछताछ की जा रही है।

इंडो-नेपाल सीमा की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं। हालांकि, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अब तक की जांच में किसी विदेशी या नेपाली नागरिक के दस्तावेज मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन जांच का दायरा बढ़ाया जा रहा है। थानाध्यक्ष हेमंत सिंह ने बताया कि जब्त उपकरणों की जांच जारी है और इस सिंडिकेट में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है।
