नेपाल चुनाव 2026 ‘घंटी’ की प्रचंड सुनामी, पुराने दिग्गजों के किलों में सेंध; रास्वपा 4 सीट जीतने के साथ 109 सीटों पर आगे!
वीरगंज/रक्सौल।(Vor desk)।नेपाल प्रतिनिधि सभा निर्वाचन 2026 के शुरुआती नतीजों और रुझानों ने देश की राजनीतिक दिशा बदलने के स्पष्ट संकेत दे दिए हैं। स्थापित राजनीतिक दलों—नेपाली कांग्रेस, नेकपा एमाले और माओवादी केंद्र—के पारंपरिक 'गढ़' इस बार राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (रास्वपा) की प्रचंड लहर में ढहते नजर आ रहे हैं। ताजा आंकड़ों के मुताबिक, रास्वपा 109 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है और 4 सीटों पर आधिकारिक जीत दर्ज कर चुकी है.
'बैलेट विद्रोह' से पलटा पासा
राजनीतिक विश्लेषकों ने इस चुनावी रुझान को जनता का 'बैलेट विद्रोह' करार दिया है. भ्रष्टाचार, राजनीतिक अस्थिरता और सुशासन की कमी से उपजी निराशा ने मतदाताओं को पारंपरिक दलों से विमुख कर रास्वपा की ओर मोड़ दिया है. काठमांडू के मेयर बालेन शाह के प्रभाव और रास्वपा की बढ़ती लोकप्रियता ने इस बार मधेस से लेकर पहाड़ों तक नए समीकरण लिख दिए हैं....









