
रक्सौल।(Vor desk)।: भारत-नेपाल सीमा से सटे रक्सौल में जहरखुरानी और लूटपाट करने वाले एक अंतरप्रांतीय गिरोह का पुलिस ने फिल्मी अंदाज में भंडाफोड़ किया है। नेपाल से लौट रहे एक युवक को टेम्पो में नशीला पेय (माजा) पिलाकर लूटने वाले दो शातिर अपराधियों को रक्सौल पुलिस ने मजदूर का वेश बदलकर रंगेहाथ दबोच लिया। वारदात में इस्तेमाल टेम्पो को भी जब्त कर लिया गया है।
काठमांडू से अपने घर लौट रहे तुरकौलिया निवासी देशराज शर्मा को कोइरिया टोला नहर चौक से टेम्पो सवार बदमाशों ने अपना निशाना बनाया था। सफर के दौरान झांसा देकर नशीला माजा पिलाया गया और बेहोश होने पर उनका मोबाइल, नकदी, सोने की अंगूठी, पेनड्राइव व पासपोर्ट लूटकर तुरकौलिया के नरियरवा के पास सड़क किनारे फेंक दिया गया। होश में आने के बाद पीड़ित ने रक्सौल थाने में मामला दर्ज कराया।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए थानाध्यक्ष रमेश कुमार महतो के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने अपराधियों को दबोचने के लिए अलग पैंतरा आजमाया। पुलिस बल के जवान आम मजदूर का भेष धरकर नहर चौक पहुंचे और संदिग्ध टेम्पो में सवारी बनकर बैठ गए। जैसे ही चाल-ढाल और गतिविधियों से संदिग्धों की पुष्टि हुई, पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दोनों को धर दबोचा।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान संग्रामपुर के शिवनाथ प्रसाद और जलहां सिसवनिया के उमेश सिंह के रूप में हुई है। थानाध्यक्ष ने बताया कि गिरफ्तार दोनों आरोपियों का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है और कई जिलों में इनके खिलाफ लूट के मामले दर्ज हैं। पुलिस अब पीड़ित के लूटे गए सामान की बरामदगी और गिरोह से जुड़े अन्य तारों को खंगालने में जुटी है।
