
रक्सौल।(Vor desk)। आगामी 19 अप्रैल 2026 को अक्षय तृतीया के अवसर पर संभावित बाल विवाहों की रोकथाम के लिए रक्सौल के लक्ष्मीपुर स्थित मनोकामना माई मंदिर में एक वृहद जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बाल विकास परियोजना अधिकारी रक्सौल और एसएसबी की 47वीं बटालियन की एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग टीम के तत्वाधान में आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रयास जुवेनाइल एड सेंटर, पूर्वी चम्पारण की जिला परियोजना समन्वयक आरती कुमारी ने की। इस दौरान आरती कुमारी ने उपस्थित लोगों को बाल विवाह के गंभीर शारीरिक, मानसिक और सामाजिक दुष्परिणामों के बारे में विस्तार से जानकारी दी और समाज से इस कुप्रथा को जड़ से मिटाने का आह्वान किया।
पूर्वी चम्पारण जिले में बाल अधिकारों के संरक्षण के लिए कार्यरत संस्था प्रयास जुवेनाइल एड सेंटर और नागरिक समाज संगठन ‘जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन’ (जेआरसी) द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान को स्थानीय धर्मगुरुओं, स्कूली छात्राओं और विभिन्न व्यवसायिक वर्गों का अभूतपूर्व समर्थन मिल रहा है। जागरूकता कार्यक्रम के माध्यम से यह स्पष्ट किया गया कि बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 के तहत बाल विवाह एक गंभीर दंडनीय अपराध है। इसके अंतर्गत न केवल विवाह करने वाले परिवार, बल्कि इसमें प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से सेवाएं देने वाले पंडित, मौलवी, टेंट हाउस संचालक, हलवाई, कैटरर, बैंड-बाजा टोली, माली और मैरिज हॉल के मालिक भी समान रूप से दोषी माने जाएंगे। कानून के उल्लंघन की स्थिति में दो वर्ष की कठोर सजा और भारी जुर्माने का प्रावधान है।

इस मुहिम के तहत रक्सौल के विभिन्न धार्मिक स्थलों पर पैनी नजर रखी जाएगी ताकि अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर जिले में एक भी बाल विवाह संपन्न न हो सके। अभियान को सफल बनाने के लिए आम नागरिकों से भी सहयोग की अपील की गई है। किसी भी संभावित बाल विवाह की सूचना देने के लिए प्रशासन ने प्रयास जैक सोसाइटी हेल्प लाइन नंबर 9289692023, चाइल्ड हेल्प लाइन नंबर 1098 तथा आपातकालीन नंबर 112 जारी किए हैं, जिस पर कॉल करके कोई भी व्यक्ति गोपनीयता के साथ जानकारी साझा कर सकता है।
मनोकामना माई मंदिर में आयोजित इस कार्यक्रम में एसएसबी 47वीं वाहिनी की एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग टीम से सहायक उप निरीक्षक खेमराज और अरविंद द्विवेदी ने अपनी सहभागिता दर्ज कराई। साथ ही प्रयास जुवेनाइल एड सेंटर के सामाजिक कार्यकर्ता राज गुप्ता, उमेश कुमार श्रीवास्तव, आशीष कुमार, अजय कुमार के अलावा बाल विकास परियोजना की सेविकाएं विजन देवी, अनीता देवी, लालसा देवी, नमिता श्रीवास्तव, उषा देवी, नमिता कुमारी और मंदिर के पुजारी लालाबाबू ओझा सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे। सभी ने एक स्वर में इस सामाजिक बुराई को रोकने का संकल्प लिया।
