
रक्सौल।(Vor desk)। भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र में प्रतिबंधित नशीली दवाओं की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए रक्सौल पुलिस ने एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। 5 अक्टूबर 2026 की रात गश्ती के दौरान मिली गुप्त सूचना के आधार पर अनुमंडल कार्यालय के पीछे सर्वोदय नगर (ब्लॉक रोड) स्थित सर्जन/सचिन पासवान के पक्के मकान में छापेमारी की गई। इस दौरान मौके से 2,887 पीस प्रतिबंधित नशीले इंजेक्शनों की भारी खेप के साथ एक महिला और एक पुरुष तस्कर को गिरफ्तार किया गया।
मामले की जानकारी देते हुए एसडीपीओ मनीष आनंद ने बताया कि वरीय अधिकारियों के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया था। पुलिस ने रंगे हाथ कार्रवाई करते हुए नेपाल के जिला परसा (थाना चन्द्रासनी) निवासी 42 वर्षीय जमुना साह उर्फ प्रभू साह (पिता: विश्वनाथ साह उर्फ विष्णु साह) तथा रक्सौल थाना क्षेत्र के वार्ड संख्या-09 (नोनियाडीह) निवासी 28 वर्षीय पूनम देवी (पति: रमेश महतो) को धर दबोचा। मौके से नशीली दवाओं के अलावा दो मोटरसाइकिलें तथा 8,000 नेपाली करेंसी समेत अन्य भारतीय रुपये बरामद किए गए हैं।
जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि तस्करों ने दोनों मोटरसाइकिलों की फ्यूल टंकी के भीतर एक खास गुप्त ‘तहखाना’ (मॉडिफाइड चैंबर) बना रखा था। पटना से लाई गई इस नशीली दवा की खेप को रक्सौल से इसी गुप्त चैंबर में छुपाकर सीमा पार नेपाल सप्लाई करने की योजना थी। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी जमुना साह उर्फ प्रभू साह का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है, जिसके खिलाफ मोतिहारी नगर थाने में पहले से एनडीपीएस एक्ट के तहत कांड संख्या 669/26 दर्ज है। वहीं इस ताजा मामले में रक्सौल थाने में कांड संख्या 451/26 दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
कार्यपालक दंडाधिकारी रवि कुमारी, पुलिस निरीक्षक निर्भय कुमार राय, पुलिस अवर निरीक्षक रवि कुमार, विकास कुमार पासवान, जितेन्द्र कुमार, अंशुली आर्या और प्रेम कुमार की मौजूदगी में हुई इस बड़ी कार्रवाई के बाद अब पुलिस इस सिंडिकेट के मुख्य सप्लायरों और पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।
