
मोतिहारी/रक्सौल ।(Vor desk)। रक्सौल लक्ष्मीपुर में स्थित मारुति सुजुकी के एरेना एजेंसी में मोतिहारी के जिला परिवहन पदाधिकारी , रक्सौल एसडीओ एवं परिवहन इंस्पेक्टर पूरे दलबल के साथ छापेमारी करने पहुँचे। लेकिन इस छापेमारी को ईडी एवं ईओयू टीम से भी ज्यादा गोपनीयते तरीका से पूरा किया गया। जिला परिवहन पदाधिकारी ने एजेंसी के कर्मियों के व्यान दर्ज किए वही एजेंसी से कई कागजातों को अपने साथ लेकर गई। लेकिन इस सबंध में पूछे जाने पर जिला परिवहन पदाधिकारी ने पूरी तरह चूप्पी साध लिया। कैमरे पर कुछ भी बोलने से इनकार किया। बस इतना कहा की रूटीन जाँच है। वही रक्सौल एसडीओ नागमणी कुमार वर्मा ने इस मामले में कुछ भी बताने से इनकार दिए । कहा बस मैंडम आई हैं तो मिलने चला आया हु। आखिर इतने गोपनीय तरीके से जाँच एवं छापेमारी के क्या वजह है की इस जांच एवं ईडी से गोपनियता तरीका से किया गया।
छपेमारी में शामिल सूत्रों का कहना है की एजेंसी पर आरोप है की उसने गाड़ी बिक्री करने के दौरान चेसिस नम्बर को ऑनर बुक में लिखने के दौरान हेराफेरी किया है। ये मामला 2024 का है। लगातार इस मामले में जांच चल रहा है। इस एरेना एजेंसी के पास रक्सौल में एजेंसी चलाने का ट्रेड लाइसेंस भी नही है। अब देखना है इस जांच में कुछ निकल कर आता है की जिला परिवहन पदाधिकारी इसे गोपनीय बताकर मामला रफा दफा कर देती है।हालाकि,इस बारे में संपर्क नहीं हो पाने की वजह से एजेंसी संचालक की प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी है।
