
आदापुर।(Vor desk)।छौड़ादानों प्रखण्ड के दरपा थाना क्षेत्र के पिपरा गांव में पूर्व मुखिया सह बसपा जिलाध्यक्ष मथुरा राम की माता स्वर्गीय झलिया कुंवर की कृति स्मरण सभा आयोजित की गई। कार्यक्रम में बसपा के नेशनल को-ऑर्डिनेटर दिनेश कुमार, ई. हरिकेश्वर राम और जोन प्रभारी कुणाल किशोर विवेक सहित अन्य लोगों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
बसपा के नेशनल को-ऑर्डिनेटर दिनेश कुमार ने कहा कि झलिया कुंवर का जीवन संघर्ष, त्याग और सामाजिक संस्कारों की मिसाल था। उन्होंने विपरीत परिस्थितियों में परिवार को संभाला और अपने बच्चों को आगे बढ़ाने के लिए पूरी जिंदगी मेहनत की। उनके जीवन से समाज की महिलाओं को संघर्ष के बीच आत्मनिर्भरता और परिवार के प्रति जिम्मेदारी की प्रेरणा मिलती है।
ई. हरिकेश्वर राम ने कहा कि झलिया कुंवर ने सद्गुरु कबीर साहेब के विचारों को अपने जीवन में उतारा। पति के स्वर्गवास के बाद उन्होंने परिवार की जिम्मेदारियों से कभी मुंह नहीं मोड़ा। कठिन परिस्थितियों में भी उन्होंने धैर्य और मेहनत के साथ अपने परिवार को आगे बढ़ाया।
जोन प्रभारी कुणाल किशोर विवेक ने कहा कि किसी भी परिवार की सफलता के पीछे मां के त्याग और संघर्ष की बड़ी भूमिका होती है। झलिया कुंवर ने अपने पुत्रों को संस्कार और संघर्ष की सीख दी। यही वजह है कि उनके पुत्र मथुरा राम पंचायत के मुखिया बनने के साथ एक राष्ट्रीय राजनीतिक दल के जिलाध्यक्ष के दायित्व तक पहुंचे। उनकी स्मृति सदैव परिवार और समाज को प्रेरित करती रहेगी।
इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि करीब ढाई दशक तक संघर्षपूर्ण जीवन जीते हुए झलिया कुंवर ने परिवार को जिस तरह संभाला, वह आज की पीढ़ी के लिए अनुकरणीय है। उपस्थित लोगों ने उनके व्यक्तित्व और कृतित्व को याद करते हुए उनके बताए आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।
मौके पर शिक्षक वीरेंद्र राम, अधिवक्ता नागेंद्र सहनी, सुकृत राम, रविंद्र कुमार, दीपक, भाग्यनारायण साह, महेंद्र रवि, पारसनाथ अंबेडकर, बलिराम प्रसाद सहित अन्य श्रद्धालु एवं ग्रामीण मौजूद थे।
