
मोतिहारी/रक्सौल।(Vor desk)।बिहार एसटीएफ (STF) और पूर्वी चंपारण जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने रक्सौल के हरैया थाना क्षेत्र में छापेमारी कर एक अंतर्राज्यीय तस्कर गिरोह का भंडाफोड़ किया है और 7.5 किलोग्राम चरस के साथ तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद चरस की सरकारी कीमत लगभग 22 लाख 25 हजार रुपये आंकी गई है।
उत्तर प्रदेश और बिहार के तस्कर धरे गए
गिरफ्तार तस्करों में रक्सौल के हरैया थाना अंतर्गत नायक बरती परेवा निवासी चांद मियां उर्फ इस्लाम, उत्तर प्रदेश के गोरखपुर (शाहपुर थाना) निवासी एजाज खान और आयुष दास शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से दो मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आयुष दास और चांद मियां पूर्व में भी एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत जेल जा चुके हैं।
नेपाल से भारत के कई राज्यों तक फैला है जाल
इस मामले में कुल छह लोगों को नामजद किया गया है, जिनमें से तीन की गिरफ्तारी हो चुकी है। फरार तीन आरोपियों में से एक उत्तर प्रदेश, एक मोतिहारी और एक नेपाल का रहने वाला है। जांच में सामने आया है कि नेपाली तस्कर प्रदीप तमांग और रक्सौल का महबूब मियां लंबे समय से इस काले कारोबार के मुख्य सिंडिकेट का हिस्सा हैं। इनका नेटवर्क नेपाल से लेकर भारत के महाराष्ट्र, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, दिल्ली और गुजरात जैसे कई राज्यों तक फैला हुआ है।
पुलिस की अग्रिम कार्रवाई जारी
हरैया थाना पुलिस ने इस संदर्भ में मामला दर्ज कर फरार अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज कर दी है। डीएसपी मनीष आनंद ने बताया कि पुलिस इस गिरोह के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज को खंगाल रही है ताकि तस्करी के इस बड़े नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जा सके।हरैया थानाध्यक्ष किशन कुमार के मुताबिक,अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
