
रक्सौल।(Vor desk)।भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता ने अवैध सीमा पारगमन के एक गंभीर प्रयास को विफल करते हुए रक्सौल बॉर्डर से एक यूएई (UAE) नागरिक और उसे अवैध रूप से सीमा पार कराने वाले भारतीय सहयोगी को गिरफ्तार किया है। 47वीं वाहिनी एसएसबी और नेपाल एपीएफ की संयुक्त टीम ने बॉर्डर पिलर 389/9 के पास यह गिरफ्तारी की। जांच के बाद उन्हें ब्यूरो ऑफ इमिग्रेशन को सौंप दिया गया,उपरांत,टीम उन्हें आगे की कारवाई के लिए पटना ले गई है।
जानकारी के मुताबिक,भारत–नेपाल सीमा पर तैनात एसएसबी और नेपाल आर्म्ड पुलिस फोर्स की संयुक्त गश्ती टीम ने रक्सौल प्रखंड के सहदेवा महादेवा गांव की ओर से नेपाल के बारा जिला के बलिरामपुर की ओर जा रहे दोनों को नियंत्रण में ले कर जांच की,जिसके बाद यह सामने आया कि एक विदेशी नागरिक है,जिसे अवैध रूप से नेपाल घुसपैठ कराया जा रहा था।
टूरिस्ट वीजा पर आया था भारत
प्रारंभिक पहचान में पहला व्यक्ति अनवर, निवासी—बिशनपुर, जिला सीतामढ़ी (बिहार) पाया गया। दूसरा व्यक्ति यूएई निवासी सलमाअब्दुल्लाह उर्फ सलेम अब्दुल्ला खलफान अलशम्सी निकला। उसके पास यूएई पासपोर्ट नंबर AA0498168 मिला।
जांच में पता चला कि वह 8 मार्च को टूरिस्ट वीजा पर भारत आया था, जो 29 अगस्त, 2025 तक वैध था। उसके पास एफआरआरओ मुंबई की एक्नॉलेजमेंट स्लिप भी मिली, जिसमें 29 अगस्त को वीजा एक्सटेंशन हेतु आवेदन तथा नेपाल जाने का उल्लेख था। हालांकि, उसके पासपोर्ट पर भारत का ‘डिपार्चर स्टाम्प’ नहीं पाया गया।
दोनों को आगे की पूछताछ के लिए एसएसबी ने उन्हें तत्काल ब्यूरो ऑफ इमिग्रेशन कार्यालय ले गई। पूछताछ में यूएई नागरिक ने खुद को 34 वर्षीय निवासी—अल ऐन, अबू धाबी निवासी बताया। उसने अपने पिता का नाम अब्दुल्ला खलफान अल शम्सी तथा मां का नाम अफरा बताया।
उसके अनुसार, उसके दो भाई—मोहम्मद (यूएई आर्मी) और हामिद (व्यवसायी) हैं। उसने भारत की बार-बार यात्राओं को टूरिज्म और नए बिजनेस अवसरों से जुड़ा बताया।
रक्सौल के होटल ठहराव का खुलासा,नेपाल पहुंचाने का वायदा
सलेम अल शम्सी ने बताया कि 19 नवंबर को वह रक्सौल के होटल आयुष्मान में हक नवाज़ नामक व्यक्ति के साथ ठहरा था, जो राजौरी ,जम्मू एंड कश्मीर (J&K) का रहने वाला है और अबू धाबी में उसके कैफे में काम करता है। उसकी मुलाकात वहां अनवरुल नामक व्यक्ति से हुई, जिसने उसे नेपाल के वीरगंज ले जाने और सभी सीमा संबंधी औपचारिकताएं पूरी कराने का भरोसा दिया। इसके बाद वे सहदेवा महादेवा–बलिरामपुर ग्रामीण रास्ते से बॉर्डर पिलर 389/09 की ओर गए, जहां संयुक्त गश्त टीम ने उन्हें संदेह के आधार पर गिरफ्तार कर लिया।
संयुक्त पूछताछ में यह भी सामने आया कि भारतीय नागरिक अनवरुल हक के पास भारत और नेपाल दोनों देशों के नागरिकता संबंधी दस्तावेज थे तथा वह अवैध रूप से लोगों को सीमा पार कराने में शामिल था।
मुंबई से गोरखपुर होते हुए रक्सौल आया
जांच में यह भी जानकारी मिली कि हक नवाज (पासपोर्ट नंबर एए 3652103) मुंबई से गोरखपुर होते हुए सलेम अल शम्सी के साथ रक्सौल आया था और गिरफ्तारी की सूचना मिलने पर बलिरामपुर बीसीपी पहुंचा।
पूछताछ पूरी होने के बाद एसएसबी ने सलेम अल शम्सी और अनवरुल हक को आगे की आवश्यक कानूनी कार्रवाई हेतु रक्सौल पुलिस को सौंप दिया।इसकी जानकारी 47वां सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी)के कंपनी कमांडर रंजीत मिश्रा ने दी।इस बाबत रक्सौल थानाध्यक्ष अभिषेक कुमार ने बताया कि मामले में जांच की जा रही है।अल शम्सी वीजा अवधि समाप्त होने के कारण नेपाल भागने की फिराक में था,इसी बीच पकड़ लिया गया।
