
रक्सौल(भारत-नेपाल सीमा)।(Vor desk): बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों की सक्रियता और संयुक्त कार्रवाई ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। खुली सीमा के संवेदनशील क्षेत्रों में सशस्त्र सीमा बल (SSB) और नेपाल सशस्त्र पुलिस बल (APF) द्वारा चलाए जा रहे संयुक्त गश्ती अभियान के दौरान, एक अवैध हथियार (कटुवा पिस्तौल) के साथ दो नेपाली युवकों को गिरफ्तार किया गया है। यह गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है जब बिहार में निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सीमा पर चौकसी चरम पर है।
यह कार्रवाई सीमा स्तंभ संख्या 390/22 के निकट, रक्सौल के नोनियाडीह पंचायत और नेपाल के इनरवा क्षेत्र के पास अंजाम दी गई। सशस्त्र सुरक्षा बल, नेपाल के परसा जिला डीएसपी पुरुषोत्तम भंडारी के नेतृत्व में, नेपाली APF और भारतीय SSB के जवानों की एक संयुक्त गश्ती टीम इस क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों पर नज़र रख रही थी। इसी सघन जाँच के दौरान, दो नेपाली युवक झाड़ी के अंदर संदिग्ध अवस्था में छिपे पाए गए। तलाशी लेने पर उनके पास मौजूद बोरे से एक देसी कटुवा पिस्तौल बरामद हुआ।
गिरफ्तार किए गए युवकों की पहचान पर्सा जिले के बीरगंज निवासी सुमित कुमार मंडल (18 वर्ष) और बारा जिले के संजय कुमार साह (28 वर्ष) के रूप में हुई है। अधिकारियों ने बताया कि सीमा सुरक्षा एजेंसियों की मुस्तैदी लगातार बनी हुई है। यह संयुक्त अभियान जारी रहेगी।विधानसभा चुनाव के मद्देनजर किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि, चाहे वह हथियारों की तस्करी हो या असामाजिक तत्वों की घुसपैठ, को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
भारत और नेपाल के बीच 1,751 किलोमीटर की खुली सीमा है, जिसका उपयोग अक्सर अपराधी और तस्कर करते हैं। चुनाव के दौरान, यह सीमा विशेष रूप से संवेदनशील हो जाती है क्योंकि यहाँ से हथियार, नकदी, शराब और अन्य अवैध सामग्री की आवाजाही की आशंका बढ़ जाती है, जिसका इस्तेमाल चुनावों को प्रभावित करने में किया जा सकता है। SSB और नेपाल APF की यह निरंतर संयुक्त गश्त दोनों देशों के बीच बेहतर समन्वय और सीमा-पार अपराधों को रोकने की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इस गिरफ्तारी से यह भी स्पष्ट है कि सुरक्षा एजेंसियाँ सीमा पर हर संदिग्ध गतिविधि पर कड़ी नज़र बनाए हुए हैं, ताकि बिहार में होने वाले लोकतांत्रिक पर्व को निर्बाध रूप से संपन्न कराया जा सके।
