
रक्सौल ।(Vor desk)। रक्सौल नगर परिषद क्षेत्र अंतर्गत बाजार की मुख्य सड़क बैंक रोड के निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों में आक्रोश है। यह सड़क करीब ढाई दशक पूर्व बनी थी और अब जीर्ण-शीर्ण हो गई है। यह सड़क वार्ड 6 और 12 को जोड़ती है और नेपाली ग्राहक एवं पर्यटक इसी सड़क से रक्सौल बाजार में प्रवेश करते हैं।
मुख्य मंत्री शहरी विकास योजना के तहत इस सड़क का निर्माण होना है, जिसका टेंडर भी हो चुका है। लेकिन निर्माण कार्य शुरू नहीं होने से लोगों में नाराजगी है। चेंबर ऑफ कॉमर्स के सचिव राज कुमार गुप्ता और अम्बेडकर ज्ञान मंच के कोषाध्यक्ष बिट्टू कुमार ने कहा कि इस सड़क के जीर्ण-शीर्ण होने से व्यापार पर असर पड़ता है और पर्व त्योहारों के पहले निर्माण कार्य पूरा होने से सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा।वहीं,भारत विकास परिषद के अध्यक्ष महेश अग्रवाल ने कहा है कि इस सड़क को उच्च न्यायालय के मानक के तहत कोड कर बनाने की जरूरत है,ताकि,मकान से सड़क का तल ऊंचा नहीं हो।समुचित जल निकासी हो सके।
वार्ड 6 के पार्षद घनश्याम प्रसाद ने बताया कि इस सड़क का निर्माण जल्द शुरू करने के लिए नगर परिषद बोर्ड में कई बार मामला उठाया जा चुका है, लेकिन लापरवाही बरती जा रही है। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण में नाला निर्माण को लेकर भी समस्या है, जिसका समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।
वर्तमान स्थिति:
- सड़क निर्माण का टेंडर विकास आदित्य नामक संवेदक को मिल चुका है।
- करीब 76 लाख की लागत से बुडको द्वारा निर्माण कराया जाना है।
- कार्यवाहक सभापति सह उप सभापति पुष्पा देवी ने बताया कि जल्द ही निर्माण कार्य शुरू होगा।
समस्याएं:
- टूटी सड़क और इस पर जल जमाव की समस्या से लोग परेशान रहते हैं।
- एस्टीमेट में एक ओर ही नाला निर्माण का प्रावधान किया गया है।
- क्या है पार्षदों की मांग
वार्ड 12 की पार्षद अनुरागिनी देवी ने जल्द नाला के साथ सड़क निर्माण शुरू करने की मांग की है, ताकि पर्व त्योहार में दिक्कत न हो।
वार्ड 6के पार्षद घनश्याम प्रसाद ने आरोप लगाया कि वार्ड 6के लोगों के साथ भेदभाव किया जा रहा है।जिला प्रशासन को आवेदन सौप कर सड़क के इस्टीमेट में नाला निर्माण जोड़ने की मांग की गई थी।अब एक ओर ही नाला बनाया जा रहा है।वार्ड6की ओर नाला नहीं बनाया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। पूराना नाला जीर्ण शीर्ण चुका है।उन्होंने कहा कि इस मामले पर जिलाधिकारी से शिकायत करेंगे।ज़रूरत पड़ी तो आंदोलन भी होगा।
