
रक्सौल।(Vor desk)। सीमावर्ती क्षेत्र में युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले नशीली दवाओं के सौदागरों के खिलाफ हरैया थाना पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी करते हुए तुमटियाटोला इलाके में संचालित हो रहे एक अवैध ड्रग नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने दो शातिर कारोबारियों को रंगे हाथों दबोचा है, जो अपने ही घरों को गोदाम बनाकर नशीली दवाओं की खेप खपा रहे थे।
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) मनीष आनंद ने बताया कि उन्हें तुमटियाटोला वार्ड संख्या 4 स्थित एक घर में प्रतिबंधित नशीली दवाओं के भंडारण और बड़े पैमाने पर बिक्री की ठोस जानकारी मिली थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एक विशेष टीम गठित की गई, जिसने चिन्हित स्थान पर अचानक दबिश दी। तलाशी के दौरान पुलिस टीम उस समय दंग रह गई जब घर के भीतर से भारी मात्रा में नशीला सामान बरामद हुआ। पुलिस ने मौके से मुन्ना प्रसाद के पुत्र सूरज कुमार को हिरासत में लिया और तलाशी के दौरान 100 बोतल नशीली कफ सिरप के साथ ही कुल 9,532 नशीली टैबलेट जब्त कीं।
गिरफ्तारी के बाद कड़ी पूछताछ में सूरज कुमार ने अपने इस अवैध साम्राज्य के दूसरे साथी के नाम का खुलासा किया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तुमटियाटोला वार्ड संख्या 3 निवासी गोपाल साह के पुत्र नरेश कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया। जांच में यह बात सामने आई है कि ये दोनों आरोपी काफी समय से संगठित तरीके से नशीली दवाओं का कारोबार कर रहे थे और स्थानीय युवाओं को नशे की लत लगाकर अपना जाल फैला रहे थे।
एसडीपीओ मनीष आनंद ने स्पष्ट किया कि नशीले पदार्थों के खिलाफ पुलिस की यह जीरो टॉलरेंस की नीति निरंतर जारी रहेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि सीमावर्ती क्षेत्रों में ऐसे अवैध कार्यों में संलिप्त किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। इस महत्वपूर्ण छापेमारी अभियान में एसडीपीओ मनीष आनंद के नेतृत्व में सुगौली अंचल निरीक्षक अशोक पांडेय, हरैया थानाध्यक्ष किशन कुमार और सशस्त्र बल के जवान शामिल रहे। फिलहाल दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
