
रक्सौल ।(Vor desk)।रक्सौल विधान सभा क्षेत्र की राजनीति में बड़ा उलटफेर होता दिख रहा है। आगामी विधानसभा चुनावों से पहले, पूर्व विधायक अजय कुमार सिंह ने अपने समर्थकों,अपने बिरादरी और एक बड़े व्यवसायी वर्ग के साथ महागठबंधन के प्रत्याशी श्याम बिहारी प्रसाद के समर्थन का संकेत दिया है। सिंह की साफ-सुथरी छवि के कारण उनका यह कदम महागठबंधन को न केवल सियासी ,बल्कि, सामाजिक रूप से भी मजबूत आधार देगा।श्री सिंह रक्सौल से पांच टर्म भाजपा के पूर्व विधायक रह चुके हैं। इस घटनाक्रम को तब और बल मिला जब इसी बैठक में जनसुराज से बागी होकर आईं पूर्णिमा भारती ने भी महागठबंधन उम्मीदवार को समर्थन दे दिया, जिससे युवा और महिला मतदाताओं में उनकी पकड़ मजबूत होने की उम्मीद है।
दिलचस्प बात यह है कि अजय कुमार सिंह की बैठक में भाजपा और संघ से जुड़े कद्दावर नेता महेश कुमार अग्रवाल की मौजूदगी भी देखी गई, जो दर्शाता है कि बदलते समीकरण में भाजपा के लिए चुनौती बढ़ चली है। स्थानीय राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस बार रक्सौल का चुनाव अब केवल दलों की लड़ाई न होकर, भरोसेमंद स्थानीय छवि और जमीनी स्तर पर किए गए वास्तविक काम पर केंद्रित होगा। अजय कुमार सिंह और पूर्णिमा भारती के इस संयुक्त समर्थन ने महागठबंधन को रणनीतिक बढ़त दिलाती दिख रही है, वहीं भाजपा के लिए अपने पुराने वोट बैंक के साथ-साथ इन नए समीकरणों से निपटना एक बड़ी चुनौती बन गया है। रक्सौल में अब मुकाबला प्रतिष्ठा, प्रभाव और जनता के भरोसे की कसौटी पर लड़ा जाएगा।पहले ही कांग्रेस के संभावित प्रत्याशी हफ़िज़ अंसारी, नुरुल्लाह खान, और सुरेश यादव जैसे नेता श्याम बिहारी प्रसाद को अपना नैतिक समर्थन दे चुके है।आज के बैठक में राजपूत जाति के प्रभावी लोग भी शामिल थे,जो श्याम बिहारी को मजबूत समर्थन का ऐलान करते देते देखे गए।नारा लगा ‘विधायक जी के सम्मान में,श्याम बिहारी के लिए मैदान में’।इस बैठक में चंद्र शेखर सिंह,अधिवक्ता सुभाष सिंह,उमेश सिंह,राम विनय सिंह ,बैकुंठ सिंह सहित बड़ी संख्या में राजपूत बिरादरी के चेहरे मौजूद रहे।
