Tuesday, March 10

भारतीय वाहनों के नेपाल प्रवेश के मामले को ले कर नेपाल कस्टम का अवरोध जारी,मधेश प्रदेश सरकार के निर्देश नहीं हो सका है लागू!

रक्सौल।(Vor desk)।वीरगंज स्थित नेपाल सीमा शुल्क कार्यालय और परसा जिला प्रशासन कार्यालय के बीच भारतीय वाहनों के प्रवेश प्रक्रिया और प्रबंधन को लेकर विवाद हो गया है। मधेस प्रदेश सरकार ने भारतीय पर्यटकों के लिए आवागमन को आसान बनाने के लिए सभी जिला प्रशासन कार्यालयों को निर्देश दिया है, जिसके बाद पर्सा प्रशासन ने वीरगंज सीमा शुल्क कार्यालय में नई व्यवस्था लागू करने का प्रयास किया है,इसके बाद खींचतान शुरू हो गई है।

नई व्यवस्था के अनुसार, अब से भारतीय दोपहिया और चार पहिया वाहन वीरगंज सीमा शुल्क कार्यालय की मुख्य सड़क से प्रवेश कर सकेंगे। वहां नेपाल आर्म्ड पुलिस फोर्स,पुलिस ,सीमा शुल्क विभाग आदि संयुक्त जांच करेंगे।वाहनों की संयुक्त जांच के बाद स्टिकर लगाया जाएगा और स्टिकर लगे वाहनों की जिले में दोबारा जांच नहीं की जाएगी।

हालांकि, वीरगंज सीमा शुल्क कार्यालय ने इस प्रस्ताव और नीति पर असहमति जताई है। सीमा शुल्क कार्यालय के प्रमुख प्रशासक दीपक लामिछाने ने कहा है कि वर्षों से चली आ रही परंपरागत प्रक्रिया में बदलाव नहीं किया जाएगा। उनके अनुसार, भारतीय वाहनों को प्रतिदिन सीमा शुल्क कार्यालय में प्रवेश के लिए पंजीकरण और राजस्व का भुगतान करना होगा।इसके बाद ही उन्हें नेपाल में प्रवेश -यात्रा कि अनुमति मिलेगी।उनके मुताबिक,प्रशासन को इस प्रक्रिया में प्रत्यक्ष हस्तक्षेप स्वीकार नहीं होगा,क्योंकि,यह सीमा शुल्क विभाग कि प्रक्रिया है,जो विभागीय जिम्मेवारी है।भारतीय वाहनों को सीमा शुल्क यार्ड स्थित कार्यालय पहुंच कर प्रक्रिया और जांच पूरी करने के बाद ही आगे की यात्रा अनुमति होगी।

इस बीच,वीरगंज उद्योग वाणिज्य संघ ने समस्या समाधान के लिए सक्रिय पहल शुरू की है।संघ के उपाध्यक्ष माधव राज पाल ने कहा है कि नई व्यवस्था से भारतीय पर्यटकों की आवक बढ़ेगी।भारतीय वाहनों का प्रवेश सहज,व्यवस्थित और विवाद रहित हो सकेगा।होटल एवं पर्यटन सहित अन्य व्यवसाय बढ़ेगा। संघ इसके लिए पहल कर रही है कि भारतीय वाहनों के लिए नई व्यवस्था लागू की जाए ।

बता दे कि फिलहाल यह व्यवस्था हैं कि शंकराचार्य गेट होते यार्ड प्रवेश और प्रक्रिया के बाद वीरगंज प्रवेश मिलेगा।लौटते में मुख्य मार्ग से वापसी होगी। इस बारे में विजिट मधेश के संयोजक ओम प्रकाश सर्राफ ने कहा कि नई नीति सीमा शुल्क विभाग और प्रशासन के बीच आपसी सामंजस्य की कमी से लागू नहीं हो सकी है।इस समस्या का दीर्घ कालिक समाधान करना होगा।(रिपोर्ट:पीके gupta)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected , Contact VorDesk for content and images!!